धर्म

: तुलसी विवाह में जरूर शामिल करें ये चीजें, आशीर्वाद बनाएं रखेंगी मां लक्ष्मी

नई दिल्ली। पंचांग के अनुसार, हर साल कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की द्वादशी तिथि पर तुलसी विवाह किया जाता है, जो मुख्य रूप से देवउठनी एकादशी के अगले दिन होता है। से में यदि आप भी तुलसी विवाह अनुष्ठान में भाग ले रहे हैं, तो पूजा के लिए ये आवश्यक सामग्री शामिल करना न भूलें, ताकि आपके विवाह अनुष्ठान में किसी तरह की बाधा न आए।

तुलसी विवाह की सामग्री (Tulsi Vivah Samgri list)

  • तुलसी का पौधा, शालीग्राम जी और भगवान विष्णु की मूर्ति या तस्वीर
  • लाल रंग का कोरा कपड़ा, कलश, पूजा की चौकी
  • सुगाह की सामग्री जैसे -बिछुए, सिंदूर, मेहंदी, बिंदी, चुनरी, काजल और सिंदूर आदि
  • मौसमी फल व सब्जियां जैसे मूली, सिंघाड़ा, आंवला, बेर और अमरुद आदि
  • केले के पत्ते, हल्दी की गांठ
  • नारियल, कपूर, धूप, दीप, चंदन

    इस तरह करें पूजन की तैयारियां

    सबसे पहले  तुलसी विवाह  अनुष्ठान के लिए केले के पत्तों और गन्‍ने से मंडप तैयार करें। रंगोली बनाकर पूजा स्थल को सजाएं और इस स्थान पर तुलसी का पौधा, शालीग्राम व भगवान विष्णु की मूर्ति या तस्वीर स्थापित करें और विवाह अनुष्ठान शुरू करें। पूजा में मां तुलसी को सुहाग की सामग्री चढ़ाएं। इसके बाद पूजा में गन्ना, केला, सिंघाड़ा और मूली आदि अर्पित करें। घी के 11 दीपक जलाएं और भजन करें। अंत में आरती करके सभी में प्रसाद बांटें।

    जरूर करें ये काम

    तुलसी विवाह के दिन भगवान विष्णु के भोग में तुलसी दल जरूर शामिल करें, क्योंकि इसके बिना प्रभु श्रीहरि का भोग अधूरा माना गया है। ऐसा करने से साधक को भगवान विष्णु का आशीर्वाद प्राप्त होता है। तुलसी विवाह के दिन सूर्यास्त के बाद तुलसी के समक्ष घी का दीपक भी जरूर जलाएं और 7 या 11 बार तुलसी की परिक्रमा करें। ऐसा करने से साधक को शुभ फलों की प्राप्ति होती है और घर-परिवार में सुख-समृद्धि का माहौल बना रहता है। 

 

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Abhitab Namdeo

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