कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों की बैठक में विभागीय कामकाज की समीक्षा की

कलेक्टर ने राजस्व अधिकारियों की बैठक में विभागीय कामकाज की समीक्षा की
कवर्धा, 26 अप्रैल 2023। कलेक्टर श्री जनमेजय महोबे ने आज राजस्व अधिकारियों की बैठक ली। उन्होने अनुविभागीय न्यायालय, तहसील न्यायालय एवं नायब तहसील न्यायालय में लंबित राजस्व प्रकरणों की गहनता से समीक्षा की। उन्होने तहसीलवार प्रकरणों की समीक्षा करते हुए कहा कि किसी भी राजस्व न्यायालय में समय-सीमा के बाहर एक भी प्रकरण लंबित नहीं होनी चाहिए। कलेक्टर ने सभी एसडीएम और राजस्व अधिकारियों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर राजस्व प्रकरणों का बहुत गंभीरता से निराकरण सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री महोबे ने जिले के सुदूर वनांचल तहसील रेंगाखार की समीक्षा करते हुए राजस्व अधिकारी को मुख्यालय में रखने के सख्त निर्देश दिए। उन्होने कहा कि रेंगाखार से अधिकांश राजस्व से जुड़े आवेदन कलेक्टर जनचौपाल में प्राप्त हो रहे है। यह उचित नहीं है। कलेक्टर ने अविवादित, विवादित नामांतरण, बंटवारा, बटांकन, भू-अर्जन लंबित प्रकरण, अभिलेख शुद्धता रिपोर्ट सहित सभी काम-काज की गहनता से समीक्षा कर शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने तहसीलवार फसल बीमा के लंबित प्रकरणों का शीघ्र निराकरण करने के निर्देश भी दिए।
कलेक्टर ने अवैध उत्खन्न पर कड़ी कार्यवाही करने एसडीएम को निर्देश दिए
कलेक्टर श्री महोबे ने राजस्व समीक्षा बैठक में एसडीएम एवं तहसीलदार को क्षेत्र में हो रहे अवैध उत्खन्न पर सतत मॉनिटरिंग करने और कार्यवाही करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने मीडिया के माध्यम से मिलने वाली इस संबंध में खबरों को संज्ञान में भी लिया और एसडीएम को आवश्यक निर्देश दिए। बैठक मे जिला पंचायत सोईओ श्री संदीप अग्रवाल, समस्त एसडीएम, राजस्व अधिकारी उपस्थित थे।
पुट बारो सेरी बाढन“ अभिनव पहल का एसडीएम सतत मॉनिटरिंग करें- कलेक्टर
कलेक्टर श्री जनमेजय महोबे ने बैठक में बताया कि मुख्यमंत्री सुपोषण अभियान के तहत जिले के सुदूर वनांचल क्षेत्र के छुटे हुए पारा, मोहल्ले और मजरा टोले के बच्चो, गर्भवती व शिशुवती माताओं को उनके स्थान पर गरम पका पोषण आहार देने की इस अभिनव पहल की शुरूआत की गई है। चुकि यह अभिनव अभियान जिले के वनांचल क्षेत्रों में निवासरत विशेष पिछड़ी बैगा जनजाति एवं आदिवासियों के लिए है, इसलिए इस अभिनव पहल का नाम भी उनके ही बोली बैगानी में रखा है। जिसका नाम बैगानी बोली में पुट बारो सेरी बाढन“ रखा गया है, जिसका शाब्दिक अर्थ स्वस्थ्य जच्जा-सुपोषित बच्चे, खुशहाल जीवन होता है। बैगानी बोली में नाम होने की वजह से इस अभिनव पहल का बैगा गांवों में अच्छा प्रतिसाद भी मिल रहा है। इससे वहां के महिलाएं और बच्चें भी जुड़ रहे है। इस अभियान के तहत जिले के विशेष पिछड़ी बैगा जनजाति एवं आदिवासी बाहूल बोड़ला एवं पंडरिया विकासखंड के पारा, मोहल्ले और मजरा टोले के आंगनबाड़ी के बच्चो, गर्भवती व शिशुवती माताओं को उनके स्थान पर गरम पका पोषण आहार दिया जा रहा है। जिसमें तीन वर्ष से छः वर्ष के आंगनबाड़ी के बच्चों को नास्ता एवं गरम पका भोजन, 1 से 3 वर्ष के कुपोषित बच्चों को अतिरिक्त पोषण आहार एवं गरम पका भोजन एवं ऐसे गर्भवती एवं एनिमिक महिलांए जो आंगनबाड़ी नहीं जा पाती ऐसे महिलाओं का चयन कर उनके पारा, मोहल्ले और मजरा टोले में ही अतिरिक्त पोषण आहार एवं गरम पका भोजन दिया जा रहा है। इस अभियान की सतत मॉनिटरिंग करें।
शहरी राजीव गांधी भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना की प्रकिया शीघ्र पूरा करने के निर्देश
कलेक्टर श्री जनमेजय महोबे ने राज्य शासन द्वारा राज्य के नगर पंचायत क्षेत्रों में निवासरत भूमिहीन कृषि मजदूरों के लिए शुरू की गई राजीव गांधी भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना की क्रियान्वयन प्रक्रिया की समीक्षा की। उन्होने निर्धारित समय-सीमा में सभी प्रकिया पुरा करने के लिए राजस्व अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए है। उल्लेखनीय है कि शासन द्वारा जारी गाईड लाईन के अनुसार नवीन आवेदन प्राप्त करने की तिथि 01 से 15 अप्रैल तक निर्धारित की गई थी। पोर्टल में डाटा प्रविष्टि करने की अंतिम तिथि 22 अप्रैल तक एवं तहसीलदार द्वारा पंजीकृत आवेदनों का निराकरण की अंतिम तिथि 30 अप्रैल तक निर्धारित की गई है। आवेदनों की स्वीकृति अथवा अस्वीकृति बाद नगर पंचायत, क्षेत्रों पर प्रकाश कर दावा आपत्ति का सामान्य सभा में निराकरण की अंतिम तिथि 08 मई 2023 निर्धारित की गई है। सामान्य सभा के निर्णय अनुसार पोर्टल में अद्यतीकरण 14 मई एवं अंतिम सत्यापित सूची के प्रकाशन की तिथि 15 मई 2023 निर्धारित की गई है। उल्लेखनीय है कि राजीव गांधी भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना के तहत पात्र चिन्हांकित परिवार के मुखिया को प्रतिवर्ष 7000 रूपए किश्तों में अनुदान सहायता राशि प्रदान की जाएगी।




