*अंचल में आकर लेने लगी भगवान गणपति की प्रतिमाएं*

बेरला/कोदवा:- गणेश चतुर्थी पर्व आने के दो से ढाई महीने पहले मुर्तिकार भगवान गणेश की प्रतिमाएं बनाने शुरू कर दिए है। बता दें कि मुर्तिकार ने अभी से भगवान गणेश जी की छोटे-बड़े आकर में विभिन्न आकर्षक मूर्तियाँ बनानी शुरू कर दिया है। बेरला ब्लॉक मुख्यालय सहिंत ग्रामीण अंचलों में कई मूर्ति कलाकार भगवान गणेश की प्रतिमाएं बनाने में जुट गयी है। वही मिट्टी की मूर्ति को आकार देने के साथ सूखने के लिए समय और मौसम को ध्यान में रख कर 2-3 महीने पहले से मूर्तियां बनाने में जुट जाते है।
*बारिश के दिनों में सूखने और कम समय के अवधि की विशेष ध्यान*
मुर्तिकार का कहना है कि 15 जून से ही मूर्ति को आकार देने शुरू कर देते है। छोटे-बड़े आकर के आकर्षक रूपों में मूर्तियां बनानी होती है। इससे की मिट्टी की बने मूर्ति की आकृतियों को सूखने के लिए समय लगते है। वही बारिश के मौसम के चलते विशेष ध्यान देने पड़ती है। गणेश चतुर्थी आने के समय मूर्तियों को सजाने के लिए समय कम पड़ जाते है।
गौरतलब है कि बेरला ब्लॉक के ग्राम मनियारी से मुर्तिकार सदानंद चक्रधारी ने बताया कि ग्रामीण अंचल में होने के साथ मुझे श्रद्धालुओं की आडर पर आकर व आकृतियां बनानी पड़ती है। इसके साथ ही ग्राम में छोटे छोटे गणेश ज्यादा तर घरो में विराजते हैं। साथ ही बड़े मूर्तियां चौंक चौराहों में समितियों की आडर पर निर्भर रहता है।




