विविध

*●कुसमी के हाईस्कूल में दिनदहाड़े बच्चो ने बेच दी बड़ी मात्रा में सरकारी किताब, स्कूल प्रबंधन की मौनशैली के बाद ग्रामीणों ने शिकायत कर बन्द कराई कबाड़ी की दुकान●*

 

*बेमेतरा/बेरला:-* बेरला विकासखण्ड अंतर्गत ग्राम कुसमी में स्थित शासकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय से सरकारी पाठ्यपुस्तकों की चोरी के सम्बंध में पर्दाफाश हुआ है। जानकारी के मुताबिक इस कारनामे में स्कूल प्राचार्य की उदासीनता एवं लापरवाही का मामला स्थानीय स्तर पर सुर्खियों में है। बताया जा रहा है कि यह वारदात को स्कूल के ही छात्रों ने अंजाम दिया एवं उसे स्थानीय कबाड़ी दुकान में ले जाकर बकायदा बेच भी दिया। जिसे बाद में ग्रामीणों की मदद से बरामदगी की गयी। इस गम्भीर घटनाक्रम के बाद भी स्कूल प्राचार्य ने न ही सरकारी पुस्तक खरीदने वाले कबाड़ी दुकान संचालक के खिलाफ शिकायत कर कार्यवाही कराई और न ही जिम्मेदार बच्चो की करतूत पर पालकों पर सख्ती बरती। लिहाजा विगत कुछ वर्षों से ऐसे ही हरकतों से स्कूल प्रबन्धन चर्चे में बना हुआ है। दरअसल कुसमी क्षेत्र के स्कूलों में विगत वर्षों में भी चोरी की कई घटना घट चुकी है। जिसमें स्कुल प्रबन्धन की सुस्त कार्यशैली एवं उदासीनता के कारण चोरो का कोई सुराग नही मिल पाता एवं सामानों की बरामदगी नही हो पाती है। चूंकि विगत शनिवार को कुसमी स्थित इस हाईस्कूल में पढाई के दरम्यान ही शिक्षकगणों की उपस्थिति में बच्चो ने स्कूल में रखे करीब 150 पुस्तकों को बोरी में भरकर समीप के कबाड़ी दुकान में जाकर बेच दिया।जिसकी खबर से स्कुल प्रशासन अनजान बनकर बैठा रहा एवं बस थाने में सूचना बस देकर मामले में पल्ला झाड़ते नज़र आये। जब स्थानीय ग्रामीजनो ने कबाड़ी दुकान से बड़ी मात्रा में नए नए सरकारी पुस्तको को पाया तो उन्होंने फिर सरपंच व अन्य लोगों को सूचना दी। जिसके उपरांत बेरला थाने की पुलिस ने मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों की शिकायत पर कार्यवाही करते हुए उक्त कबाड़ी दुकान को अस्थायी रूप से बंद करा दिए। वही इस घटनाक्रम के दौरान कुसमी हाईस्कूल प्रबन्धक की उदासीनता व मौन शैली को लेकर लोगों में जमकर प्रतिक्रिया मिल रही है। इस सम्बंधके युवा ग्रामीण भूपेश साहू ने बताया कि इस मामले में प्राचार्य द्वारा कोई एफआईआर नही कराया गया और न ही एक्शन लिया गया जिससे कही न कही भविष्य में ऐसी हरकतों की पुनरावृत्ति होगी एवं पढाई के दौरान गलत कार्यो में रुचि होगी व हौसले बुलन्द होगें। जबकि ग्राम पंचायत कुसमी के सरपंच सन्तोष साहू का कहना है कि स्कूल में हज़ारों की संख्या में नवमी-दसवीं की पाठ्यक्रम पुस्तक थी। जिसमे चोरी पश्चात प्राचार्य द्वारा विशेष ध्यान नही देने पर ग्रामजनों के साथ मिलकर बेरला पुलिस के माध्यम से गाँव मे कबाड़ी दुकान के कारोबार को बन्द करा दिया गया है।

GAUTAM BEMTRA

Related Articles

Back to top button